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भाई दूज (यम द्वितीया) 2026: शुभ तिलक मुहूर्त, यमराज-यमुना पौराणिक कथा एवं भाई की दीर्घायु का मंत्र

✍️ लेखक: पंडित शिवम तिवारी
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यम द्वितीया 2026 • भाई दूज शुभ तिलक मुहूर्त एवं यमराज कथा

त्वरित दर्शन (संक्षिप्त उत्तर)

वर्ष 2026 में भाई दूज (यम द्वितीया / भ्रातृ द्वितीया) का पावन पर्व मंगलवार, 10 नवंबर 2026 को मनाया जाएगा। कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि का प्रारंभ 10 नवंबर 2026 को प्रातः 08:16 बजे से होकर 11 नवंबर 2026 को प्रातः 06:04 बजे तक रहेगा। भाई दूज पर भाई को तिलक करने का सर्वश्रेष्ठ अपराह्न मुहूर्त दोपहर 01:14 बजे से दोपहर 03:26 बजे तक (अवधि: 2 घंटे 12 मिनट) रहेगा। इस दिन बहन के घर भोजन करने से भाई को यमराज के भय और अकाल मृत्यु से मुक्ति प्राप्त होती है।

1. भाई दूज 2026 पंचांग एवं शुभ तिलक मुहूर्त सारणी

स्कंद पुराण के अनुसार, यम द्वितीया पर अपराह्न काल में बहन के हाथ से तिलक करवाना और भोजन करना परम कल्याणकारी है:

मुहूर्त घटक (Muhurat Component) समय (10 नवंबर 2026, मंगलवार) शास्त्रीय संदर्भ
द्वितीया तिथि प्रारंभ 10 नवंबर 2026, प्रातः 08:16 बजे सूर्योदय के पश्चात आरंभ
द्वितीया तिथि समाप्त 11 नवंबर 2026, प्रातः 06:04 बजे तृतीया तिथि पूर्व
भाई दूज अपराह्न मुहूर्त (सर्वोत्तम) दोपहर 01:14 से दोपहर 03:26 बजे तक विजय मुहूर्त व अमृत वेला
प्रातःकालीन लाभ मुहूर्त प्रातः 10:42 से दोपहर 12:04 बजे तक लाभ चौघड़िया
राहुकाल (तिलक वर्जित समय) दोपहर 02:46 से शाम 04:08 बजे तक इस समय के मध्य तिलक न करें
पंडित शिवम तिवारी का शास्त्रीय परामर्श:
“तिलक करते समय भाई का मुख सदैव उत्तर या पूर्व दिशा की ओर होना चाहिए और बहन का मुख पश्चिम दिशा की ओर। तिलक में अक्षत (बिना टूटे हुए चावल) और रोली के साथ सूखे नारियल (गोला) का आदान-प्रदान अवश्य करें। सूखा नारियल भाई की दीर्घायु और यमराज के पाश से रक्षा का प्रतीक है।”

2. तिलक मंत्र एवं यमराज-यमुना पौराणिक कथा

बहन भाई को तिलक करते समय इस वैदिक मंत्र का उच्चारण करे:

धर्मराज नमस्तुभ्यं नमस्ते यमुनाग्रज। पाहि मां किङ्करैः सार्धं सूर्यपुत्र नमोऽस्तु ते॥

भ्रातस्तवानुजाताहं भुङ्क्ष्व भक्तमिमं शुभम्। प्रीतये यमराजस्य यमुनाया विशेषतः॥

भावार्थ: हे धर्मराज! हे यमुना के अग्रज! आपको नमस्कार है। हे सूर्यपुत्र! आप अपने दूतों सहित मेरी और मेरे भाई की रक्षा करें। हे भ्राता! मैं आपकी बहन हूँ, आप यमराज और यमुना जी की प्रसन्नता हेतु मेरे द्वारा बनाए गए इस पावन भोजन को ग्रहण करें।

3. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQPage Schema)

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“text”: “भाई दूज 10 नवंबर 2026 को है। तिलक करने का सबसे शुभ समय दोपहर 01:14 से 03:26 बजे तक है।”
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“text”: “भाई दूज पर बहन के हाथ से बनी खीर, पूड़ी, और मिष्ठान खिलाना चाहिए। तिलक के उपरांत भाई को सूखा नारियल भेंट करने की प्राचीन परंपरा है।”
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